भारत ने किया ताइवान का समर्थन तो बौखलाया चीन, देने लगा सरेआम ऐसी चेतावनी

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अभी हम देख रहे है कि चीन की गलत हरकतों के कारण भारत और चीन दोनों ही देशो के सम्बन्ध कोई ख़ास अच्छे नही है और ऐसे में दोनों ही देश एक दूसरे पर सैन्य हो या फिर आर्थिक हो या फिर कूटनीतिक ही क्यों न हो? हर तरह से दबाव बनाने का कार्य किया जा रहा है और आपको मालूम हो तो अभी हाल ही में ही ताइवान के नेशनल डे पर भारत सरकार ने आधिकारिक रूप से चाहे कुछ न कहा हो लेकिन बीजेपी वालो ने खूब जमकर के इस त्यौहार को मनाया और सोशल मीडिया पर इतना हुआ कि दुनिया देखती रह गयी.

ताइवान मुद्दे पर नाराज हुआ चीन, दी नार्थ ईस्ट अलग करने की चेतावनी
भारत ने जिस तरह से चीन की तकलीफ भरी नस को दबा दिया है और ताइवान मुद्दे को हवा दी है उसके बाद में चीन ने अपने मुखपत्र ग्लोबल टाइम्स के माध्यम से भारत को चेताने की कोशिश की है और इस अखबार के संपादक ने खुद कहा कि अगर भारत ताइवान के मुद्दे को हवा देता है तो हम भी भारत में नार्थ ईस्ट राज्य में विभाजनकारी शक्तियों को समर्थन देंगे.

ताइवान मुद्दे पर भारत को बोलने से बचना चाहिए वरना हम भी सिक्किम, असम, त्रिपुरा और अन्य नार्थ ईस्ट राज्यों में विभाजनकारी शक्तियों को समर्थन देने लग जायेंगे और भारत एक नाजुक देश है उसे इन सब मामलो से बचने की जरूरत है. इसे एक तरह से सीधी चेतावनी की तरह देखा जा रहा है उसके बाद में तो भारत के लोग और भी ज्यादा मुखर होकर के बोल रहे है कि अब तो ताइवान को और ज्यादा खुलकर के समर्थन देना होगा तभी चीन पर लगाम लग सकती है.

कही न कही ये बात सही भी है क्योंकि भारत ने चीन को हर तरह से प्यार से समझाकर के देख लिया है लेकिन अब तक इसका कोई भी हल निकलता हुआ नजर नही आता है तो ऐसे में फिर क्या ही किया जा सकता है.