1 जुलाई से देश में लागू हुए ये 6 नियम, सीधा आपकी जेब पर पड़ेगा असर

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देश में समय और नियति की मांग के अनुसार लगातार नियमो में बदलाव किये जाते रहे है और इसके पीछे का कारण भी है. जैसे जैसे समय बीतता है वैसे वैसे चीजो में सुधार की जरूरत होती है और अधिकतर नियम जो आपकी जेब से जुड़े होते है या फिर आर्थिक मसलो से जुड़े होते है उन्हें 1 जुलाई से ही लागू किया जाता है और इस बार भी सरकार की तरफ से कुल 6 नियम है या फिर कह सकते है छः बदलाव है जो किये गये है जो सीधे सीधे आप की आर्थिक स्थिति पर या फिर सामाजिक स्थिति पर भी प्रभाव डालेंगे.

ये सारे नियम बैंकिंग सुविधाओं, एलपीजी गैस और ब्याज दरो आदि के सम्बन्ध में है जो आपकी जिन्दगी में सीधा सीधा दखल रखते है तो चलिए फिर जानते है वो नियम या बदलाव जो मोदी सरकार लेकर के आ चुकी है और आपके लिए भी वो जानना जरुरी है.

  1. अब बिना सब्सिडी वाले एलपीजी सिलेंडर का रेट 100.50 रूपये कम कर दिया गया है. पहले ये लोगो को 737.50 रूपये में मिला करता था जबकि अब इसकी कीमत सिर्फ 637 रूपये रह गयी है इसलिए अगर आप बिना सब्सिडी की रसोई गैस के ग्राहक है तो ये आपके लिए अच्छे खबर है.
  2. अब एसबीआई ने भी अपने नियमो में बदलाव किया है जिसके तहत होम लोन को सीधे सीधे रेपो रेट से लिंक किया जाएगा. अगर अब आरबीआई रेपो रेट कम करेगा तो ब्याज दरे कम हो जायेगी और अगर अब आरबीआई ने रेपो रेट बढाया तो ब्याज दरे बढ़ जायेगी. इससे लगभग 40 करोड़ लोग प्रभावित हो जायेंगे.
  3. अगर आप बैंक से पैसे ट्रान्सफर कुछ ज्यादा ही करते है तो ये आपके लिए अच्छी खबर है क्योंकि एक जुलाई से एनईएफटी के जरिये पैसे पैसे ट्रान्सफर करने पर कोई भी चार्ज नही कटेगा जबकि पहले बैंक पांच से पचास रूपये तक काट लेते थे.
  4. अब जुलाई से सितम्बर तक के लिए एनएससी और पीपीएफ जैसी स्कीम्स के लिए भी ब्याज दर इस तिमाही के लिए 0.1 प्रतिशत तक कम कर दी गयी है.
  5. अब चेकबुक के सम्बन्ध में भी नियम बदल दिए गये है. अब बेसिक अकाउंट लेने वाले भी अपने लिए चेक बुक रख सकेंगे, पहले उन्हें बैंक चेकबुक नही देता था लेकिन अब उन्हें देना पड़ेगा और उन्हें मिनिमम बैलेंस रखने के लिए मजबूर नही किया जा सकता है.
  6. गाड़ियां खरीदने के शौक़ीन लोगो के लिए बुरी खबर है कि महिन्द्रा की स्कॉर्पियो और कुछ गाड़ियां 36 हजार रूपये तक महंगी हो जायेगी. इसके पीछे कुछ मानदंडो का लागू होना बताया जा रहा है जिसके चलते अब गाड़ियाँ पहले से ज्यादा महँगी बिकेगी.