अब मुसलमानों ने लिखी ममता बनर्जी को चिट्ठी

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फ़िलहाल बंगाल में प्रशासन व्यवस्था का क्या हाल हो रखा है? ये बात किसी से भी छुपा नही है. जिस तरह से राजनीतिक रंजिशे सामने आ रही है, पुलिस पर जनता के प्रति संवेदनशील न होने के आरोप लग रहे है और तो और डॉक्टर्स पर भी हमले हो हे है उसके बाद बंगाल सरकार सवालों के घेरे में है. इन सबके बीच बंगाल सरकार पर ये भी आरोप लग रहे है कि क्योंकि हमला करने वाले लोग मुस्लिम थे इसलिये ममता बनर्जी की सरकार उन्हें बचा रही है.

ऐसे वक्त में कुछ मुस्लिमो ने ममता बनर्जी को चिट्ठी लिखकर के अपनी मांगे सामने रखी है. इस पूरी चिट्ठी में दो घटनाओं का जिक्र है एक तो एनआरएस कॉलेज में डॉक्टरो के साथ हुई मारपीट और दूसरा पूर्व मिस इंडिया उशोषी सेनगुप्ता को बीच सडक पर परेशान किया जाना. दोनों में ही आरोप लगे थे कि आरोपी मुस्लिम समुदाय से आते है इसलिये ममता सरकार वोट के चक्कर में उन्हें बचा रही है.

ऐसे में चिट्ठी में मुस्लिम लिखते है ‘ दोनों ही मामलों में मुसलमान समुदाय के लोग शामिल थे इस पर हम बहुत ही ज्यादा शर्मिंदा है. इन पर मुकदमा दर्ज हो और उचित कार्यवाही की जाये. हर उस मामले में मुकदमा दर्ज हो जिसमे हमारे समुदाय के लोग शामिल हो, उन्हें किसी भी हाल में बचाया या छोड़ा नही जाना चाहिए. इससे साफ़ सन्देश चला जायेगा कि न तो किसी को बचाया जा रहा है और न ही किसी को बढ़ावा दिया जा रहा है.’

ममता बनर्जी को लिखी मुस्लिमो की ये चिट्ठी काफी ज्यादा वायरल हो रही है. लोग भी इस पर आश्चर्य व्यक्त कर रहे है कि अब मुस्लिमो को खुद चिट्ठी लिखकर के ममता बनर्जी को समझाना पड़ रहा है कि वो पक्षपाती रवैया न अपनाकर सिस्टम और सरकार के दायित्व के मुताबिक़ ही काम करे.