वो 4 कारण जिनके चलते नरेंद्र मोदी फिर से प्रधानमंत्री बन गये

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देश में बड़े ही उत्साह का माहौल है और हो भी क्यों न? सभी को फिर से उनका चहेता प्रधानमंत्री मिल गया है और अब बस नरेंद्र मोदी का शपथ लेना बाकी है लेकिन आप जानते है आखिर वो कौनसे फैक्टर थे जिन्होने नरेंद्र मोदी को फिर से देश का प्रधानमंत्री बनाया और वो भी इतनी बड़ी मेजोरिटी के साथ? चलिये जानते है वो कुछ फैक्टर जिन्होंने पीएम मोदी को आज हिंन्दुस्तान का सबसे शक्तिशाली प्रधानमंत्री बनाकर पेश किया है.

विजन 

नरेंद्र मोदी ने देश के सामने विजन रखा कि हमने पिछले पाँच साल में इतना कुछ कर दिया है और अब अगले पाँच साल में हमें ये ये काम करना है जिसमे राष्ट्रीय सुरक्षा और टेक उपयोग पर जोर था. दूसरी तरफ विपक्ष विजनहीन नजर आया उनके पास मोदी हटाओ के अलावा और कोई नारा ही ही था जिसे जनता ने साफ़ तौर पर नकार दिया.

दागरहित और सुपरमैन छवि 

नरेंद्र मोदी के रूप में बीजेपी के पास ऐसा चेहरा है जिसपर एक भी भ्रष्टाचार का दाग नही है और अब वो इंटरनेशनल लेवल पर हिन्दुस्तान के लिए बिलकुल सुपरमेन बनकर के आये है जो वर्ल्ड आर्डर में हिस्सेडारी निभाते है. उन्होंने पुतिन और न्येतान्याहू जैसे वर्ल्ड लीडर से अच्छा खासा ताममेल बिठाया है जिसे हिन्दुस्तान के लोग मोदी को हटाकर खोना पसंद नही करेंगे.

सीटो पर सटीक नजर 

बीजेपी ने उम्मीदवार बड़े ही सटीक तरीके से उतारे है. जहाँ गठबंधन की जरूरत टी वहा जेडीयू और शिवसेना जैसी पार्टियों को दिल खोलकर सीट्स दी. राजस्थान में महज एक सीट पर पेच फसते देखकर भी उन्होंने हनुमान बेनीवाल से गठबंधन कर उस सीट को भी प्राप्त कर लिया तो सीटो पर पीएम मोदी और अमित शाह की अच्छी पकड़ और सूझ बूझ थी.

मास्टर योजनाये 

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पास में कुछ योजनाये रही जिन्होंने उनके लिए यूएसपी की तरह काम किया. प्रधानमंत्री आवास योजना, मुद्रा स्कीम, उज्जवला योजना, डायरेक्ट बेनिफिट ट्रान्सफर, शौचालय से जुड़े काम आदि ने उनके लिए एक कॉमन वोट बैंक तैयार कर लिया था.